मेरठ
मेरठ के मवाना में एक स्कूल के वॉशरूम से कक्षा सात में पढ़ने वाले 13 वर्षीय छात्र कुनाल शर्मा का शव मिलने से हड़कंप मच गया। छुट्टी के बाद काफी देर तक बाहर नहीं आने पर उसकी तलाश शुरू हुई और वह भीतर बेसुध मिला।
स्कूल की छुट्टी हो चुकी थी और बच्चे अपने घर लौटने के लिए बाहर निकल रहे थे। ई रिक्शा चालक भी बच्चों को ले जाने की तैयारी कर रहा था, लेकिन रोज उसके साथ जाने वाला कुनाल शर्मा कहीं दिखाई नहीं दिया।
करीब 15 मिनट तक इंतजार करने के बाद चालक को चिंता हुई। पहले उसे लगा कि कुनाल शायद किसी काम से स्कूल के भीतर रुक गया होगा, लेकिन समय बीतने पर वह खुद परिसर में पहुंचा और अलग अलग जगहों पर उसे खोजने लगा।
वॉशरूम में बेसुध मिला कुनाल
तलाश करते हुए चालक की नजर स्कूल के वॉशरूम की ओर गई, जहां कुनाल जमीन पर मूर्छित अवस्था में पड़ा था। बच्चे को इस हालत में देखकर स्कूल में अफरा तफरी मच गई और तुरंत शिक्षकों तथा प्रबंधन को पूरे घटनाक्रम की सूचना दी गई।
इसके बाद स्कूल प्रबंधन और परिजन कुनाल को तत्काल डॉक्टर के पास लेकर पहुंचे। चिकित्सकीय जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया गया। 13 वर्षीय बच्चे की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया और आसपास के लोग स्तब्ध रह गए।
घटना मेरठ जिले के मवाना थाना क्षेत्र में स्थित बसंत वैली पब्लिक स्कूल की है। सोमवार को विद्यालय में सामान्य दिनों की तरह पढ़ाई चल रही थी। कक्षा सात का छात्र कुनाल शर्मा भी सुबह घर से निकलकर रोज की तरह स्कूल पहुंचा था।
छुट्टी के बाद ई रिक्शा से घर लौटना था
कुनाल मवाना के मोहल्ला काबिली गेट, कलावदा रोड निवासी धर्मेंद्र शर्मा का बेटा था। परिवार के अनुसार वह सोमवार को सामान्य दिनचर्या के तहत स्कूल गया था और छुट्टी होने के बाद ई रिक्शा से वापस घर लौटने वाला था।
छुट्टी के समय दूसरे बच्चे एक एक कर स्कूल से बाहर आते रहे, लेकिन कुनाल दिखाई नहीं दिया। ई रिक्शा चालक काफी देर तक उसका इंतजार करता रहा। शुरुआती कुछ मिनटों तक उसे लगा कि बच्चा किसी काम से भीतर ही रुका होगा।
जब लगभग 15 मिनट गुजरने के बाद भी कुनाल बाहर नहीं आया तो चालक ने स्कूल परिसर के भीतर जाकर उसकी तलाश शुरू की। इसी खोज के दौरान वह वॉशरूम तक पहुंचा, जहां बच्चा बेसुध अवस्था में पड़ा मिला और तत्काल मदद बुलाई गई।
डॉक्टर के पास पहुंचने से पहले हो चुकी थी मौत
कुनाल को वॉशरूम में अचेत देखकर शिक्षकों और स्कूल कर्मचारियों में घबराहट फैल गई। सूचना पर परिजन भी पहुंचे और बिना देर किए उसे डॉक्टर के पास ले जाया गया, लेकिन उसकी जान नहीं बचाई जा सकी और चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
बच्चे की मौत इतनी अचानक हुई कि परिवार और आसपास के लोग सदमे में हैं। सुबह घर से स्कूल गया कुनाल छुट्टी के समय वापस नहीं लौटा और बाद में उसका शव वॉशरूम में मिलने से घटना को लेकर कई तरह की चर्चाएं शुरू हुईं।
प्रारंभिक स्तर पर हृदय गति रुकने या हार्ट अटैक की आशंका सामने आई है, लेकिन मृत्यु की वास्तविक वजह अभी पूरी तरह स्पष्ट नहीं हुई है। ऐसे में बिना चिकित्सकीय निष्कर्ष के किसी निश्चित कारण को अंतिम रूप से मानना संभव नहीं है।
घटना के बाद परिवार की ओर से फिलहाल किसी व्यक्ति या संस्था के खिलाफ शिकायत नहीं दी गई है। परिजनों ने पुलिस कार्रवाई कराने से भी इनकार किया है। इस कारण अब तक मामले में किसी आपराधिक घटना की पुष्टि सामने नहीं आई है।
पुलिस प्रक्रिया जारी, तहरीर देने से परिवार का इनकार
पुलिस को उपलब्ध जानकारी के अनुसार मवाना निवासी कुनाल शर्मा, धर्मेंद्र शर्मा का पुत्र था और वैली पब्लिक स्कूल में कक्षा सात का छात्र था। स्कूल में अचानक हृदय गति रुकने से उसकी मृत्यु होने की सूचना पुलिस तक पहुंची है।
स्कूल प्रशासन और परिवार ने छात्र को तत्काल चिकित्सक के पास पहुंचाया था, जहां जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया गया। पुलिस स्तर पर आवश्यक विधिक प्रक्रिया की जा रही है, हालांकि परिजनों ने किसी तरह की तहरीर देने से इनकार किया है।
मवाना थाने में प्रभारी पंकज लवानिया हैं। पुलिस विवरण में छात्र की पहचान कुनाल शर्मा पुत्र धर्मेंद्र शर्मा के रूप में दर्ज है। परिवार की ओर से तहरीर नहीं दी गई है और अब तक किसी आपराधिक घटना की पुष्टि सामने नहीं आई है।
परिवार अपने 13 वर्षीय बेटे की आकस्मिक मौत से गहरे सदमे में है। दूसरी ओर स्कूल के वॉशरूम में छात्र का बेसुध मिलना कई सवाल खड़े कर रहा है। घटना की परिस्थितियां और मृत्यु का सही कारण फिलहाल जांच के विषय बने हुए हैं।
सोमवार की घटना, मंगलवार को सामने आया मामला
मामला मंगलवार 8 सितंबर 2026 को सामने आई जानकारी के बाद व्यापक चर्चा में आया। घटना इससे पहले सोमवार की है, जब स्कूल में सामान्य पढ़ाई के बाद छुट्टी हुई थी। उसी दिन कुनाल के घर न लौटने पर उसकी तलाश शुरू की गई थी।
अब पूरे मामले में निर्णायक स्थिति चिकित्सकीय जांच और पुलिस की आवश्यक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगी। शुरुआती आशंका हार्ट अटैक की है, लेकिन वास्तविक कारण की पुष्टि के लिए प्रमाणित मेडिकल निष्कर्ष जरूरी होंगे, तभी परिस्थितियों पर अंतिम तस्वीर सामने आएगी।

