भारत में नफरत की भेंट चढ़ती इंसानियत: देश के विभिन्न हिस्सों से लगातार सामने आ रही हिंसक घटनाएं समाज को झकझोर रही हैं।
हाल के दिनों में मध्यप्रदेश, राजस्थान और उत्तर प्रदेश से आई घटनाओं ने यह सवाल खड़ा कर दिया है कि आखिर छोटे-छोटे विवाद इतनी भयावह हिंसा में क्यों बदल रहे हैं।
ये घटनाएं केवल अपराध नहीं, बल्कि सामाजिक तनाव, कानून व्यवस्था की चुनौतियों और सामुदायिक संबंधों की जटिलता को भी उजागर करती हैं।
भोपाल की घटना: मामूली विवाद से हत्या तक
मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में एक चाय विक्रेता विजय सिंह मेवाड़ा की हत्या इस बात का उदाहरण है कि कैसे एक साधारण विवाद भी जानलेवा बन सकता है।
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लोकतंत्र के सर्वोच्च मंदिर...
धुरंधर: 'द रिवेंज'
'धुरंधर: द रिवेंज' का खौफ: पर्दे पर उतरा आतंकवाद का नंगा सच, तो बौखला उठा वामपंथी इकोसिस्टम
विकिपीडिया पर आदित्य धर की फिल्म 'धुरंधर: द रिवेंज' को 'प्रोपेगेंडा'...