बांद्रा में अवैध मस्जिदों पर कार्रवाई: महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई के बांद्रा इलाके में रेलवे की जमीन पर बनी दो अवैध मस्जिदों को हटाने पहुँची प्रशासनिक टीम पर उग्र भीड़ ने हमला कर दिया।
कार्रवाई के दौरान हालात इतने बिगड़ गए कि पुलिस पर जमकर पथराव किया गया।
इस हिंसा में सात पुलिसकर्मी और तीन उपद्रवी घायल हो गए। हालात को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा।
रेलवे की जमीन पर बने थे अवैध ढाँचे
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक यह घटना बुधवार 20 मई की है। रेलवे प्रशासन और स्थानीय प्रशासन की टीम भारी पुलिसबल के साथ अतिक्रमण हटाने पहुँची थी।
बताया गया कि जिन दो मस्जिदों पर कार्रवाई की गई, वे रेलवे की जमीन पर अवैध रूप से बनाई गई थीं। इस मामले को लेकर पहले ही नोटिस जारी किया जा चुका था।
कार्रवाई का विरोध, पुलिस पर शुरू हुआ पथराव
जैसे ही बुलडोजर कार्रवाई शुरू हुई, बड़ी संख्या में लोग मौके पर जमा हो गए और विरोध प्रदर्शन करने लगे।
देखते ही देखते भीड़ उग्र हो गई और पुलिस व प्रशासनिक टीम पर पत्थर फेंके जाने लगे।
रिपोर्ट्स के अनुसार, उपद्रवियों ने महिलाओं को आगे कर माहौल को और तनावपूर्ण बनाने की कोशिश की।
हालात बिगड़ने पर पुलिस ने किया लाठीचार्ज
स्थिति नियंत्रण से बाहर जाती देख पुलिस को हल्का लाठीचार्ज करना पड़ा। इस दौरान कई पुलिसकर्मी घायल हो गए।
घायल पुलिसकर्मियों में विपुल विजय कुमार कदम, मनीष भीमराव बच्छाव और वैभव गीते के नाम सामने आए हैं।
सभी को अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहाँ प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें छुट्टी दे दी गई।
तीन उपद्रवी भी घायल, अस्पताल में कराया गया भर्ती
पथराव और पुलिस कार्रवाई के दौरान तीन उपद्रवी भी घायल हुए। इनमें फिझान अन्वाज खान,
अनस रशीद खान और अन्सार अली बेग शामिल बताए गए हैं। घायलों को इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया।
2017 से कोर्ट में चल रहा था मामला
जानकारी के अनुसार, रेलवे की जमीन पर कब्जे का यह मामला साल 2017 से अदालत में लंबित था।
हाल ही में बॉम्बे हाई कोर्ट के फैसले के बाद प्रशासन को कार्रवाई का रास्ता साफ हुआ।
इसके बाद प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था के बीच अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू की।
घटना के बाद पूरे इलाके में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।
प्रशासन स्थिति पर नजर बनाए हुए है और उपद्रव में शामिल लोगों की पहचान कर आगे की कानूनी कार्रवाई की तैयारी कर रहा है।

