Gardening Tips In Summer: गर्मी का मौसम आते ही लोगों की सबसे बड़ी चिंता सिर्फ बढ़ता तापमान नहीं, बल्कि घर के पौधों और गार्डन की देखभाल भी बन जाती है।
खासतौर पर तब, जब कुछ दिनों के लिए घर से बाहर जाना हो। तेज धूप, गर्म हवाएं और लगातार सूखती मिट्टी कुछ ही दिनों में पौधों की ताजगी खत्म कर सकती है।
कई बार लोग छुट्टियों से लौटते हैं तो उनका खूबसूरत गार्डन सूखे और मुरझाए पौधों में बदल चुका होता है,
लेकिन अगर बाहर जाने से पहले कुछ आसान और स्मार्ट उपाय अपना लिए जाएं, तो पौधों को लंबे समय तक सुरक्षित और हरा-भरा रखा जा सकता है।
बाहर जाने से पहले अच्छी तरह करें पानी
गार्डनिंग एक्सपर्ट्स का मानना है कि घर से निकलने से पहले पौधों को अच्छी तरह पानी देना सबसे जरूरी काम है।
जब मिट्टी में पर्याप्त नमी रहती है तो अधिकतर पौधे लगभग एक हफ्ते तक आसानी से जीवित रह सकते हैं।
हालांकि पानी देते समय यह ध्यान रखना जरूरी है कि सिर्फ मिट्टी गीली हो, उसमें पानी जमा न हो। जरूरत से ज्यादा पानी पौधों की जड़ों को नुकसान पहुंचा सकता है।
तेज धूप से बचाना है जरूरी
गर्मी के दिनों में सीधी धूप मिट्टी की नमी बहुत तेजी से खत्म कर देती है। ऐसे में कोशिश करें कि बाहर जाने से पहले पौधों को ऐसी जगह शिफ्ट कर दें जहां हल्की धूप या छांव हो।
इंडोर पौधों को खिड़की से थोड़ी दूर रखा जा सकता है, जबकि आउटडोर पौधों को किसी शेड या दीवार की आड़ में रखना बेहतर होता है।
इससे मिट्टी जल्दी नहीं सूखेगी और पौधों को कम पानी में भी राहत मिलेगी।
ज्यादा पानी देना भी हो सकता है नुकसानदायक
अक्सर लोग सोचते हैं कि बाहर जाने से पहले पौधों में ज्यादा पानी भर देने से वे लंबे समय तक सुरक्षित रहेंगे, लेकिन ऐसा करना नुकसानदायक साबित हो सकता है।
एक्सपर्ट्स बताते हैं कि लगातार ज्यादा गीली मिट्टी की वजह से जड़ों में सड़न यानी रूट रॉट की समस्या शुरू हो जाती है। इसलिए मिट्टी में सिर्फ उतनी ही नमी बनाए रखें जितनी पौधों के लिए जरूरी हो।
टब या सिंक ट्रिक करेगी मदद
अगर कुछ दिनों के लिए बाहर जाना हो तो एक आसान तरीका यह भी है कि गमलों को थोड़ी देर के लिए पानी से भरे टब या सिंक में रखा जाए।
इससे मिट्टी नीचे से अच्छी तरह नमी सोख लेती है। लगभग 20 से 30 मिनट बाद गमलों को बाहर निकाल लें ताकि अतिरिक्त पानी निकल जाए।
यह तरीका खासकर छोटे और इंडोर पौधों के लिए काफी फायदेमंद माना जाता है।
सेल्फ-वॉटरिंग ट्रिक से मिलती रहेगी नमी
लंबे समय के लिए घर से बाहर जाने वालों के लिए सेल्फ-वॉटरिंग ट्रिक बेहद उपयोगी साबित हो सकती है।
इसके लिए एक सूती कपड़ा या प्राकृतिक फाइबर वाली रस्सी लें। उसका एक सिरा पानी से भरे बर्तन में रखें और दूसरा सिरा गमले की मिट्टी में दबा दें।
कपड़ा धीरे-धीरे पानी सोखकर मिट्टी तक पहुंचाता रहेगा, जिससे पौधों को लगातार नमी मिलती रहेगी। यह तरीका खासतौर पर गर्मियों में काफी असरदार माना जाता है।
मिट्टी को ढंककर रखें सुरक्षित
पौधों की मिट्टी को ढंकना भी नमी बनाए रखने का एक अच्छा तरीका है। एक्सपर्ट्स के अनुसार, मिट्टी के ऊपर मल्च, सूखी पत्तियां, कम्पोस्ट या पीट की हल्की परत बिछाने से पानी जल्दी नहीं सूखता।
इससे मिट्टी लंबे समय तक ठंडी और नम बनी रहती है। यह तरीका गर्म हवाओं के असर को भी कम करने में मदद करता है।
रोशनी को करें बैलेंस
अगर पौधों को थोड़ी कम रोशनी मिले तो उनकी ग्रोथ धीमी हो जाती है और उन्हें कम पानी की जरूरत पड़ती है।
इसलिए बाहर जाने से पहले पौधों की लाइटिंग को थोड़ा एडजस्ट करना फायदेमंद हो सकता है।
हालांकि ध्यान रखें कि पौधों को पूरी तरह अंधेरे में न रखें, क्योंकि इससे उनकी सेहत खराब हो सकती है।
हल्की और संतुलित रोशनी पौधों को स्वस्थ बनाए रखने में मदद करती है।
छुट्टियों के बाद भी मिलेगा हरा-भरा गार्डन
गर्मी के मौसम में थोड़ी सी तैयारी आपके पौधों को सूखने से बचा सकती है।
सही मात्रा में पानी, पर्याप्त नमी, कम धूप और आसान सेल्फ-वॉटरिंग तकनीक अपनाकर आप बिना चिंता छुट्टियों का आनंद ले सकते हैं।
लौटने पर आपका गार्डन फिर भी ताजा, हरा-भरा और खूबसूरत नजर आएगा।

