Bathroom Tips: कई बार बाथरूम की सफाई करने के कुछ देर बाद फर्श पूरी तरह सूखा दिखाई देता है, लेकिन जैसे ही उस पर पैर रखते हैं,
चिपचिपाहट महसूस होने लगती है। ऐसे में ज्यादातर लोग यही सोचते हैं कि शायद फर्श की सफाई ठीक से नहीं हुई है।
इसके बाद वे दोबारा पोछा लगाते हैं या पानी में और ज्यादा फ्लोर क्लीनर मिला देते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि यही तरीका कई बार समस्या को और बढ़ा सकता है?
दरअसल, फर्श पर चिपचिपाहट की वजह हमेशा गंदगी नहीं होती। कई बार सफाई में इस्तेमाल होने वाले प्रोडक्ट ही इसकी वजह बन जाते हैं।
जरूरत से ज्यादा फ्लोर क्लीनर डालना
फर्श की बेहतर सफाई के लिए अधिक मात्रा में क्लीनर डालना जरूरी नहीं है। कई बार लोग सोचते हैं कि जितना ज्यादा क्लीनर इस्तेमाल करेंगे, फर्श उतना ही साफ होगा।
जबकि हकीकत इससे अलग है। जरूरत से ज्यादा क्लीनर डालने पर उसके केमिकल फर्श की सतह पर जमा हो सकते हैं। इससे एक पतली परत बन जाती है, जो फर्श सूखने के बाद भी चिपचिपी महसूस होती है।
इसलिए हमेशा क्लीनर की बोतल पर दिए गए निर्देशों के अनुसार ही उसकी मात्रा तय करें। अगर फर्श पर पहले से क्लीनर जमा है तो साफ गुनगुने पानी से पोछा लगाकर उसके अवशेष हटाने की कोशिश करें।
पोछे के पानी में ज्यादा साबुन मिलाना
बाथरूम का फर्श साफ करते समय साबुन का इस्तेमाल भी सावधानी से करना चाहिए। पानी में जरूरत से ज्यादा डिश सोप या दूसरा साबुन मिलाने से फर्श पर उसकी परत रह सकती है।
इससे सतह पर पैर रखने पर चिपचिपापन महसूस होता है। इसलिए सफाई के लिए साबुन की सीमित मात्रा ही इस्तेमाल करें।
पोछा लगाने के बाद अगर फर्श पर झाग या साबुन जैसा एहसास हो तो साफ पानी से दोबारा पोछा लगा सकते हैं।
पॉलिश और वैक्स का जरूरत से ज्यादा इस्तेमाल
कुछ लोग फर्श को चमकदार बनाने के लिए फ्लोर पॉलिश और वैक्स का इस्तेमाल करते हैं। शुरुआत में इससे फर्श की चमक बढ़ सकती है, लेकिन बार-बार इस्तेमाल करने से इसकी कई परतें सतह पर जमा हो सकती हैं।
इन परतों में धूल और दूसरी गंदगी फंसने लगती है, जिससे फर्श चिपचिपा महसूस हो सकता है।
खासकर लकड़ी के फर्श पर बिना जानकारी के वैक्स या ऑयल सोप का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए। हमेशा उसी प्रोडक्ट का चुनाव करें, जो आपके फर्श की बनावट और फिनिश के अनुकूल हो।
फर्श पर गिरी चिकनाई को नजरअंदाज करना
कई बार बाथरूम या घर के दूसरे हिस्सों में तेल, क्रीम या कोई चिकना पदार्थ गिर जाता है। अगर ऐसी जगह पर सीधे पोछा लगा दिया जाए तो चिकनाई पूरे फर्श पर फैल सकती है।
इससे सफाई करने के बाद भी सतह चिपचिपी बनी रहती है। ऐसी स्थिति में पहले चिकनाई वाली जगह को अलग से साफ करें।
इसके लिए हल्के डिश सोप मिले पानी और साफ कपड़े का इस्तेमाल किया जा सकता है। इसके बाद उस जगह को साफ पानी और सूखे कपड़े से पोंछ लें।
हर तरह के फर्श पर सिरका इस्तेमाल करना सही नहीं
सफाई के लिए सिरके का इस्तेमाल एक घरेलू उपाय के रूप में किया जाता है। हालांकि, यह हर तरह की सतह के लिए सुरक्षित नहीं है।
कुछ सिरेमिक, विनाइल और लिनोलियम सतहों पर पतला सिरका इस्तेमाल किया जा सकता है, लेकिन प्राकृतिक पत्थर जैसे मार्बल और ग्रेनाइट पर इसका इस्तेमाल नुकसान पहुंचा सकता है। इसलिए सिरका लगाने से पहले फर्श के निर्माता के निर्देश जरूर पढ़ें।
गंदे पोछे से बार-बार सफाई करना
फर्श पर चिपचिपाहट की एक वजह गंदा पोछा और उसका पानी भी हो सकता है। जब बाल्टी का पानी गंदगी से भर जाता है, तब उसी पानी से पोछा लगाने पर गंदगी दोबारा फर्श पर फैलने लगती है।
इसलिए सफाई के दौरान जरूरत पड़ने पर पानी बदलते रहें। पोछे को भी समय-समय पर अच्छी तरह धोएं। अगर स्प्रे मॉप का इस्तेमाल करते हैं तो उसके पैड को साफ करना या बदलना न भूलें।
आखिर में क्या रखें ध्यान?
अगर बाथरूम का फर्श सूखने के बाद भी चिपचिपा महसूस हो रहा है तो बार-बार क्लीनर डालकर पोछा लगाने के बजाय उसकी असली वजह पहचानें। क्लीनर और साबुन का सीमित इस्तेमाल करें, साफ पानी से फर्श को दोबारा पोंछें और पोछे की स्वच्छता का ध्यान रखें।
साथ ही, फर्श की बनावट के अनुसार ही सफाई वाले प्रोडक्ट चुनें। इससे न सिर्फ चिपचिपाहट की समस्या कम करने में मदद मिलेगी, बल्कि फर्श की चमक और उसकी फिनिश भी लंबे समय तक बनी रह सकती है।

