लंदन में भारतीय महिला की हत्या: ब्रिटेन की राजधानी लंदन के हेस (Hayes) इलाके से एक बेहद दर्दनाक घटना सामने आई है।
भारतीय मूल की 24 वर्षीय किरणदीप कौर की उनके ही घर में चाकू से हमला कर हत्या कर दी गई।
घटना उस समय हुई जब वह अपने घर में सो रही थीं। हमले में उनके पति भी गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
डॉक्टरों के मुताबिक उनकी हालत अब खतरे से बाहर है।
सबसे दुखद बात यह है कि किरणदीप ने कुछ ही सप्ताह पहले एक बच्चे को जन्म दिया था।
उनकी मौत के बाद नवजात बच्चे के सिर से मां का साया उठ गया है।
इस घटना के बाद पूरे भारतीय समुदाय और खासकर पंजाब के लोगों में शोक और आक्रोश का माहौल है।
पंजाब से सपनों के साथ पहुंची थीं ब्रिटेन
किरणदीप कौर पंजाब के तरनतारन जिले के पिद्दी गांव की रहने वाली थीं। उन्होंने पंजाब में बीएससी की पढ़ाई पूरी करने के बाद बेहतर भविष्य की उम्मीद में सितंबर 2024 में स्टूडेंट वीजा पर यूनाइटेड किंगडम का रुख किया था। बाद में उन्हें वर्क परमिट भी मिल गया था और वह अपनी पढ़ाई पूरी करने की तैयारी कर रही थीं।
परिवार को उम्मीद थी कि किरणदीप विदेश में नौकरी कर पूरे परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत करेंगी। लेकिन उनकी असमय मौत ने इन सभी सपनों को पलभर में तोड़ दिया।
खेत बेचकर बेटी को विदेश भेजा था
किरणदीप के परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत नहीं थी। उनके बड़े भाई लवप्रीत सिंह के अनुसार, परिवार ने बेटी को विदेश भेजने के लिए अपनी करीब आधा एकड़ कृषि भूमि बेच दी थी। लगभग 25 लाख रुपये खर्च कर उन्हें पढ़ाई के लिए ब्रिटेन भेजा गया था।
परिवार का विश्वास था कि किरणदीप की मेहनत एक दिन पूरे घर की तस्वीर बदल देगी। लेकिन अब वही परिवार अपनी बेटी का पार्थिव शरीर भारत लाने के लिए सरकार से मदद की गुहार लगा रहा है।
हमले में पति भी घायल
जानकारी के अनुसार, हमलावर ने घर में घुसकर किरणदीप पर धारदार हथियार से कई वार किए। इस दौरान उनके पति ने बचाने की कोशिश की, लेकिन वह भी गंभीर रूप से घायल हो गए। पुलिस को वह घर के बाहर घायल अवस्था में मिले, जिसके बाद उन्हें तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया।
फिलहाल उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है और पुलिस उनसे घटना से जुड़ी जानकारी जुटाने की कोशिश कर रही है।
आरोपी गिरफ्तार, जांच जारी
मेट्रोपॉलिटन पुलिस के अनुसार, 12 जुलाई की सुबह करीब 7:55 बजे अक्सब्रिज रोड इलाके से चाकूबाजी की सूचना मिली थी। पुलिस और एम्बुलेंस टीम मौके पर पहुंची, जहां किरणदीप गंभीर रूप से घायल मिलीं। चिकित्सकों ने उन्हें बचाने की पूरी कोशिश की, लेकिन उनकी जान नहीं बचाई जा सकी।
जांच के दौरान पुलिस ने 44 वर्षीय डेनियल शॉन जेम्स को गिरफ्तार किया। आरोपी पर हत्या, हत्या के प्रयास और धारदार हथियार रखने जैसे गंभीर आरोप लगाए गए हैं। अदालत में पेशी के बाद उसे 11 अगस्त तक पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है।
बताया जा रहा है कि घटना के बाद आरोपी खिड़की से कूदकर भागने की कोशिश में खुद भी घायल हो गया था, जिसके आधार पर पुलिस उसे पकड़ने में सफल रही।
क्या यह नस्लीय हमला था?
मृतका के परिवार का आरोप है कि यह नस्लीय घृणा से प्रेरित हमला यानी हेट क्राइम हो सकता है। उनका कहना है कि भारतीय मूल के लोगों को निशाना बनाया गया है।
हालांकि मेट्रोपॉलिटन पुलिस ने फिलहाल इस दावे की पुष्टि नहीं की है। पुलिस का कहना है कि शुरुआती जांच में अभी तक ऐसे ठोस सबूत नहीं मिले हैं, जिनके आधार पर इस घटना को सीधे तौर पर नस्लीय हमला घोषित किया जा सके। जांच के सभी पहलुओं पर काम किया जा रहा है।
नवजात बच्चे का भविष्य बना चिंता का विषय
किरणदीप की मौत के बाद सबसे बड़ी चिंता उनके नवजात बच्चे को लेकर है। परिवार और रिश्तेदार इस हादसे से पूरी तरह टूट चुके हैं। रिश्तेदारों का कहना है कि किरणदीप बेहद मिलनसार, खुशमिजाज और अपने बच्चे से बेहद प्यार करने वाली मां थीं।
स्थानीय लोगों ने बताया कि घटना की सुबह अचानक इलाके में भारी पुलिस बल पहुंचा, जिसके बाद इस दर्दनाक वारदात की जानकारी सामने आई। फिलहाल स्थानीय प्रशासन और समुदाय के लोग बच्चे की देखभाल और परिवार की सहायता के लिए आगे आ रहे हैं।
भारत सरकार से लगाई मदद की गुहार
पंजाब में रह रहे किरणदीप के माता-पिता सुखदेव सिंह और बलजीत कौर ने भारत सरकार से अपील की है कि उनकी बेटी का पार्थिव शरीर जल्द से जल्द भारत लाने में मदद की जाए। साथ ही उन्होंने ब्रिटेन की सरकार और प्रशासन से आरोपी को कड़ी से कड़ी सजा देने की मांग की है।
उधर, ब्रिटेन के सिख समुदाय ने भी इस घटना पर गहरी चिंता जताई है। समुदाय के प्रतिनिधियों का कहना है कि महिलाओं और कमजोर वर्गों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रभावी कदम उठाए जाने चाहिए। कई स्थानीय संगठन पीड़ित परिवार को कानूनी और सामाजिक सहायता उपलब्ध कराने में जुटे हुए हैं।

