Uttar Pradesh: उत्तर प्रदेश के बागपत जिले में आठ जनवरी को हुई रेलवे टेक्नीशियन दीपक की हत्या की गुत्थी को आखिरकार पुलिस ने सुलझा लिया है।
इस सनसनीखेज मामले में पुलिस ने मृतक के ही दोस्त रवि कांबोज को गिरफ्तार किया है। पुलिस जांच में सामने आया है कि रवि ने दीपक से लिए गए 30 लाख रुपये वापस न करने पड़ें,
इसी लालच में उसकी बेरहमी से हत्या कर दी। आरोपी की निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल किया गया चाकू भी बरामद कर लिया गया है।
पुलिस के अनुसार, हत्या के बाद आरोपी ने दीपक के शव को पूर्वी यमुना नहर में फेंक दिया था ताकि सबूत मिटाए जा सकें और पुलिस को गुमराह किया जा सके।
इस पूरे मामले में पुलिस अब अन्य पहलुओं पर भी जांच कर रही है और आरोपी को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।
Uttar Pradesh: कैसे हुआ मामले का खुलासा
आठ जनवरी की सुबह रमाला थाना क्षेत्र के किशनपुर बराल के पास पूर्वी यमुना नहर में एक 35 वर्षीय अज्ञात युवक का शव बरामद हुआ था।
शव के चेहरे पर चादर लिपटी हुई थी और पास ही एक बिस्तर रजवाहे में आगे की ओर पड़ा मिला।
घटनास्थल के पास नहर के पुल पर खून के धब्बे और किसी वाहन के टायरों के निशान भी मिले थे। इन परिस्थितियों को देखते हुए पुलिस ने अंदेशा जताया था कि युवक की हत्या कहीं और कर शव को यहां लाकर फेंका गया है।
मौके पर पहुंची रमाला पुलिस ने शव को नहर से बाहर निकलवाया। जांच में पता चला कि युवक की गर्दन धारदार हथियार से काटी गई थी।
शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया और उसकी पहचान के लिए आसपास के थानों को सूचना दी गई। इसके अलावा मृतक की तस्वीरें सोशल मीडिया पर भी वायरल की गईं।
नौकरी दिलाने के नाम पर ठगे गए 30 लाख रुपये
मृतक दीपक मूल रूप से बागपत के लूंब गांव का रहने वाला था और वर्तमान में हरियाणा के अंबाला के दलीपगढ़ में रहता था।
वह अंबाला में रेलवे टेक्नीशियन के पद पर कार्यरत था। दीपक को यह नौकरी मृतक आश्रित कोटे में मिली थी। दीपक की दोस्ती रवि कांबोज नाम के युवक से थी,
जो पानीपत के समालखा का रहने वाला है और दिल्ली में नौकरी करता है।
तीन साल पहले रवि ने दीपक के छोटे भाई संदीप को रेलवे में नौकरी दिलाने का झांसा दिया था।
इसके बदले उसने दीपक से 30 लाख रुपये नकद और करीब तीन लाख रुपये कीमत की बाइक ले ली।
जब लंबे समय तक नौकरी नहीं लगी तो दीपक अपने पैसे वापस मांगने लगा। इसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद बढ़ता चला गया।
पैसे लौटाने के बहाने बुलाया और कर दी हत्या
रवि ने दीपक को भरोसा दिलाया कि वह उसे पांच लाख रुपये वापस करेगा और इसी बहाने सात जनवरी की शाम उसे मिलने के लिए बुलाया।
दीपक घर से निकला लेकिन वापस नहीं लौटा। उसका मोबाइल फोन भी स्विच ऑफ हो गया।
जब परिजनों ने सोशल मीडिया पर वायरल तस्वीर देखी तो उन्हें आशंका हुई और वे रमाला थाने पहुंचे। वहां उन्होंने शव की पहचान दीपक के रूप में की।
दीपक के साले पुनीत ने थाने में रवि कांबोज और उसके अज्ञात साथियों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कराया। उन्होंने आरोप लगाया कि सात जनवरी को ही दीपक की हत्या कर दी गई थी।
शराब पिलाकर कार में किया कत्ल
पुलिस पूछताछ में रवि ने बताया कि उसने पहले दीपक को शराब पिलाई और फिर कार में बैठाकर घुमाने ले गया।
सुनसान जगह पर पहुंचकर उसने चाकू से दीपक का गला रेत दिया और उसकी हत्या कर दी। इसके बाद शव को पूर्वी यमुना नहर में फेंककर फरार हो गया।
एएसपी प्रवीण चौहान ने बताया कि आरोपी रवि कांबोज को गिरफ्तार कर लिया गया है। उसके पास से दीपक की बाइक, आधार कार्ड और मोबाइल फोन भी बरामद हुए हैं।
पुलिस अब इस पूरे मामले की गहराई से जांच कर रही है ताकि अगर इसमें कोई और शामिल हो तो उसे भी पकड़ा जा सके।

