हिंदू पक्ष ने कोर्ट में क्या दावा किया
हिंदू पक्ष द्वारा कोर्ट में दायर याचिका में बताया गया है कि बाबरनामा और आइन-ए-अकबरी ने पुष्टि की है कि उस स्थान पर हरिहर मंदिर था, जहां अब जामा मस्जिद है। मंदिर को मुगल लुटेरे बाबर ने 1529 में ध्वस्त कर दिया था।
एक साल के दौरान सम्भल में हुईं प्रमुख घटनाओं की क्रोनोलॉजी (मार्च 2024 – मार्च 2025):
19 फरवरी 2024
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने संभल में आचार्य प्रमोद कृष्णम के कल्किधाम मंदिर का शिलान्यास किया। इस अवसर पर पीएम मोदी ने कहा, “श्रीराममंदिर निर्माण से एक नए ‘काल चक्र‘ की शुरुआत हो गई है। अब रामलला विराजमान के साथ भारत अपनी नई यात्रा शुरू कर रहा है। यही समय है, सही समय है। कल्कि कालचक्र के परिवर्तन के प्रणेता भी हैं, और प्रेरणा स्रोत भी हैं। कल्कि धाम भगवान को समर्पित एक ऐसा स्थान बनने जा रहा है जो अभी तक अवतरित नहीं हुआ है।

19 नवंबर 2024
संभल की जामा मस्जिद के पास एक प्राचीन कुएँ और मंदिर के अवशेषों की खोज के लिए कोर्ट के आदेश पर सर्वेक्षण शुरू हुआ। महंत ऋषि राज गिरि महाराज ने 19 नवंबर को सिविल कोर्ट याचिका दायर कर सर्वे की मांग की थी। कोर्ट ने इसी याचिका पर 7 दिन में सर्वे की रिपोर्ट मांगी थी।
24 नवंबर 2024
सर्वेक्षण के विरोध में हिंसक प्रदर्शन, पथराव और आगजनी की घटनाएँ हुईं, जिसमें पुलिस पर हमला किया गया। इस हिंसा में 4 लोगों की मौत हुई, और 20 पुलिसकर्मियों समेत दर्जनों लोग घायल हुए। लाठीचार्ज, आंसू गैस, हवाई फायरिंग, कर्फ्यू, और इंटरनेट सेवाएँ निलंबित करके स्थिति पर काबू पाया गया।
25 नवंबर 2024
हिंसा के बाद स्थिति को नियंत्रित करने के लिए भारी पुलिस बल तैनात किया गया। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने घटना की निगरानी की और सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए। कई उपद्रवियों को गिरफ्तार किया गया।
10 दिसंबर 2024
कोर्ट ने जामा मस्जिद सर्वेक्षण पर अंतरिम रोक लगाई, और मामले की अगली सुनवाई के लिए तारीख तय की गई।

14 दिसंबर 2024
संभल में मुस्लिम बहुल इलाके में 14 दिसंबर को अतिक्रमण निरोधी कार्यवाही के दौरान प्रशासन को एक बंद पड़ा धूल से सना मंदिर मिला, यह मंदिर 1978 के संभल दंगों में बंद हुआ और 46 सालों से बंद पड़ा था। 46 साल बाद मंदिर खोला और साफ सफाई के बाद पूजा अर्चना शुरू हुई।
46 साल से बंद पड़े इस मंदिर में पहले शिवलिंग और अब कुएं की खुदाई के दौरान भगवान गणेश, कार्तिकेय और पार्वती जी की 3 मूर्तियां मिली। पास में एक प्राचीन कुंएं के अवशेष मिले। मंदिर करीब 500 साल पुराना बताया जा रहा है। मंदिर सपा सांसद जियाउररहमान बर्क के घर से मात्र 200 मीटर की दूरी पर मिला, इसका नाम ‘संभलेश्वर महादेव’ बताया जा रहा है।
20 दिसंबर 2024
ASI टीम ने संभल में निम्न 5 तीर्थों और 19 प्राचीन कूपों समेत 24 जगहों का पुरातात्विक सर्वेक्षण किया।
चतुर्मुख ब्रह्मा कूप 2. अमृत कूप, कूप मंदिर 3. अशोक कूप 4. सप्तसागर कूप, संभलेश्वर मंदिर 5. बलि कूप 6. धर्म कूप 7. ऋषिकेश कूप, शिव मंदिर 8. पराशर कूप, कल्कि मंदिर 9. अकर्म मोचन कूप 10. धरणि वाराह कूप, जामा मस्जिद के नीचे 11. भद्रका आश्रम तीर्थ 12. स्वर्गदीप तीर्थ / सती मठ 13. चक्रपाणि तीर्थ 14. प्राचीन कूप, एक रात वाली मस्जिद में 15. प्राचीन कूप, जामा मस्जिद परिसर में 16. प्राचीन कूप, बाल विद्या मंदिर 17. प्राचीन कूप, न्यारियों वाली मस्जिद में 18. प्राचीन कूप, कोट पूर्वी 19. प्राचीन कूप, सेठों वाली गली 20. प्राचीन कूप, डूंगर सराय 21. प्राचीन मंदिर व कूप, खग्गू सराय 22. प्राचीन तीर्थ, श्मशान, मंदिर, अजीजपुर
27 फरवरी 2025
पुताई और सजावट मामले में हाईकोर्ट के निर्देश पर एएसआई की टीम ने जामा मस्जिद का विस्तृत सर्वे किया।
17 मार्च 2025
संभल जिले में हर साल आक्रान्ता सैयद सालार मसूद गाजी के नाम पर नेजा मेले का आयोजन किया जाता था। पर इस साल जब नेजा मेला कमेटी के लोग एसएसपी श्रीशचंद्र के पास इजाजत मांगने के लिए पहुंचे, तो उन्होंने इसके लिए कमेटी को दो टूक मना कर दिया। और कहा कि सोमनाथ मंदिर को लूटने वाले, भारत में लूटमार करके कत्लेआम मचाने वाले शख्स की याद में किसी भी हाल में इस तरह के मेले का आयोजन नहीं करने दिया जाएगा।

सैयद सालार मसूद गाजी विदेशी आक्रांता महमूद गजनवी का भांजा और सेनापति था और महमूद गजनवी के साथ भारत पर 17 बार आक्रमण करके हिंदुओं की आस्था का प्रतीक सोमनाथ मंदिर समेत कई मंदिरों को लूटने में शामिल था। इसी की याद में मुस्लिम समुदाय मेले का आयोजन करता था जिसे संभल एसएसपी श्रीशचंद्र ने देशद्रोह करार देते हुए प्रतिबंधित कर दिया।
23 मार्च 2025
उत्तर प्रदेश के संभल में शाही जामा मस्जिद के सदर जफर अली को रविवार को एसआईटी पूछताछ के बाद गिरफ्तार कर लिया और जेल भेज दिया।