रोहित शेट्टी बायोग्राफी: कल्पना कीजिए कि कोई इंसान सिर्फ इसलिए रोज़ दो घंटे पैदल चलकर काम पर जाता हो क्योंकि उसके पास बस का किराया देने के पैसे नहीं हैं और फिल्म के सेट पर उसका काम एक बड़ी अभिनेत्री की साड़ियां प्रेस करना हो।
वही लड़का डेढ़ साल तक हर सुबह एक निर्देशक के घर के दरवाज़े पर नौकरी मांगने के लिए जाता रहे, और आखिरकार उसे सिर्फ ₹35 रोज़ की नौकरी मिले।
अब सोचिए कि वही लड़का आगे चलकर हिंदी सिनेमा के सबसे बड़े ब्लॉकबस्टर फिल्मों का निर्देशक बन जाए, स्क्रीन पर सैकड़ों कारों को उड़ाए और भारत का पहला सिनेमा यूनिवर्स बना दे। यह सफर है रोहित शेट्टी का, एक ऐसे फिल्ममेकर का जिसकी असली जिंदगी की कहानी भी उसकी एक्शन फिल्मों जितनी ही नाटकीय है।
पर्सनल प्रोफाइल
| श्रेणी | जानकारी |
| पूरा नाम | रोहित शेट्टी |
| जन्म तिथि | 14 मार्च 1974 |
| उम्र (2026) | 52 साल |
| जन्म स्थान | मुंबई, महाराष्ट्र, भारत |
| पेशा | फिल्म निर्देशक, निर्माता, टीवी होस्ट |
| सक्रिय | वर्ष 1991 – वर्तमान |
| पिता | एम. बी. शेट्टी (एक्शन डायरेक्टर) |
| माता | रत्ना शेट्टी (स्टंटवुमन) |
| पत्नी | माया मोरे (शादी 2005) |
| बच्चे | 1 बेटा – इशान शेट्टी |
| प्रोडक्शन हाउस | रोहित शेट्टी पिक्चरज़ |
| मशहूर | फ्रेंचाइज़ गोलमाल सीरीज़, कॉप यूनिवर्स |
| प्रसिद्ध फिल्में | सिंघम, चेन्नई एक्सप्रेस, सिम्बा |
| टीवी शो | फियर फैक्टर: खतरों के खिलाड़ी |
| OTT | डेब्यू इंडियन पुलिस फोर्स (2024) |
| नेट वर्थ (2026 अनुमान) | ₹280–300 करोड़ |
| प्रति फिल्म फीस | ₹18–20 करोड़ |
| शौक | फिटनेस, एक्शन कोरियोग्राफी |
| पहचान | बड़े एक्शन स्टंट और मास एंटरटेनर फिल्में |
सिनेमा और संघर्ष से जुड़ा बचपन
रोहित शेट्टी का जन्म 14 मार्च 1974 को मुंबई में हुआ। उनका परिवार पहले से ही फिल्म इंडस्ट्री से जुड़ा हुआ था। उनके पिता एम. बी. शेट्टी, जिन्हें “फाइटर शेट्टी” के नाम से जाना जाता था, हिंदी फिल्मों के जाने-माने एक्शन कोरियोग्राफर थे।
उन्होंने कई फिल्मों में खतरनाक स्टंट डिजाइन किए थे। उनकी मां रत्ना शेट्टी भी स्टंटवुमन थीं और मशहूर फिल्म सीता और गीता में हेमा मालिनी की बॉडी डबल के रूप में काम कर चुकी थीं। लेकिन फिल्मी दुनिया की चमक-दमक का मतलब यह नहीं था कि जिंदगी आसान थी।
1980 में फिल्म Bombay 405 Miles की शूटिंग के दौरान एक स्टंटमैन की सेट पर दुर्घटना में मौत हो गई। इस घटना का उनके पिता पर गहरा असर पड़ा। कुछ साल बाद जब रोहित सिर्फ 8 साल के थे, तब उनके पिता का निधन हो गया।
इसके बाद परिवार की आर्थिक स्थिति पूरी तरह बिगड़ गई। उन्हें खार में अपना घर बेचकर दहिसर के छोटे से घर में जाना पड़ा। रोहित का बचपन काफी मुश्किलों में बीता क्लास 5 से 10 तक वह रोज़ सुबह जल्दी उठकर लोकल ट्रेन से सांताक्रूज़ स्कूल जाते थे।
यह रोज़ का लगभग तीन घंटे का सफर होता था। आर्थिक समस्याओं की वजह से उन्हें क्लास 10 के बाद पढ़ाई छोड़नी पड़ी। घर चलाने के लिए उनकी मां ने फिर से काम शुरू किया और जूनियर आर्टिस्ट व स्टंट डबल के रूप में काम करने लगीं। उस समय परिवार के लिए सपनों से ज्यादा जरूरी जीवन चलाना था।
13 साल की सीख और संघर्ष
17 साल की उम्र में रोहित शेट्टी ने फिल्म इंडस्ट्री में काम करने का फैसला किया। उन्होंने निर्देशक कुकू कोहली से काम मांगा। लेकिन यह आसान नहीं था।
रोहित लगभग डेढ़ साल तक रोज़ उनके घर जाते रहे, तब जाकर उन्हें ₹35 रोज़ की नौकरी मिली। उनका पहला प्रोजेक्ट था फिल्म फूल और कांटे, जो अभिनेता अजय देवगन की पहली फिल्म भी थी।
यही फिल्म दोनों के बीच लंबे समय तक चलने वाले पेशेवर रिश्ते की शुरुआत बनी। शुरुआती साल बहुत कठिन थे। कई बार रोहित के पास इतना पैसा नहीं होता था कि वह खाना भी खा सकें और बस का किराया भी दे सकें।
इसलिए वह अक्सर मालाड से अंधेरी तक पैदल चलते थे, जो लगभग दो घंटे का रास्ता था। फिल्म सेट पर उनका काम बहुत साधारण होता था प्रोडक्शन में मदद करना, साड़ियां प्रेस करना, और कभी-कभी अक्षय कुमार के बॉडी डबल के रूप में स्टंट करना।
उन्होंने निर्देशक अनीस बज्मी के साथ फिल्म प्यार तो होना ही था में एसोसिएट डायरेक्टर के रूप में भी काम किया। इन सालों में उन्होंने फिल्म बनाने की बारीकियां सीखीं।
करियर का बड़ा टर्निंग पॉइंट: गोलमाल ने बदल दी की किस्मत
रोहित शेट्टी ने बतौर निर्देशक अपने करियर की शुरुआत फिल्म “ज़मीन” से की थी। इस फिल्म को दर्शकों से ठीक-ठाक प्रतिक्रिया मिली, लेकिन यह बहुत बड़ी हिट नहीं बन पाई।
लेकिन रोहित ने इससे हार नहीं मानी। उन्होंने सोचा कि कुछ नया करना चाहिए, इसलिए उन्होंने अपना फिल्म बनाने का स्टाइल बदलने का फैसला किया।
साल 2006 में उन्होंने कॉमेडी फिल्म “गोलमाल: फन अनलिमिटेड” बनाई। यह फिल्म बहुत बड़े बजट की नहीं थी, लेकिन रिलीज़ के बाद इसने बॉक्स ऑफिस पर जबरदस्त कमाई की और सुपरहिट साबित हुई।
यहीं से रोहित शेट्टी के करियर में बड़ा बदलाव आया। गोलमाल की सफलता के बाद इस फिल्म की पूरी सीरीज़ बन गई। इसके बाद “गोलमाल रिटर्न्स”, “गोलमाल 3” और “गोलमाल अगेन” जैसी फिल्में आईं और ये सभी बॉक्स ऑफिस पर सफल रहीं।
रोहित शेट्टी की फिल्मों की खास बात यह थी कि उनमें सीधी-सादी कॉमेडी, कई कलाकारों की टीम और पूरा फैमिली एंटरटेनमेंट होता था। इसी वजह से उनकी फिल्में सिंगल स्क्रीन थिएटर देखने वाले दर्शकों से लेकर मल्टीप्लेक्स ऑडियंस तक, हर किसी को पसंद आने लगीं।
कॉप यूनिवर्स: भारत का पहला पुलिस फिल्म यूनिवर्स
गोलमाल की सफलता ने रोहित शेट्टी को एक सफल निर्देशक बना दिया, लेकिन फिल्म “सिंघम” ने उन्हें एक अलग ही मुकाम पर पहुंचा दिया। इस फिल्म में अजय देवगन ने पुलिस ऑफिसर बाजीराव सिंघम का किरदार निभाया था।
फिल्म रिलीज होते ही जबरदस्त हिट साबित हुई और सिंघम का किरदार हिंदी सिनेमा के सबसे लोकप्रिय पुलिस किरदारों में शामिल हो गया।
इसके बाद रोहित शेट्टी ने इस कहानी को आगे बढ़ाने का फैसला किया। उन्होंने “सिंघम रिटर्न्स” बनाई और फिर पुलिस पर आधारित अपनी फिल्मों की दुनिया को और बड़ा किया।
इसके बाद “सिम्बा” आई जिसमें रणवीर सिंह पुलिस ऑफिसर के रोल में नजर आए, और फिर “सूर्यवंशी” रिलीज हुई जिसमें अक्षय कुमार मुख्य भूमिका में थे।
इन फिल्मों की खास बात यह थी कि इनके किरदार और कहानियां एक-दूसरे से जुड़ी हुई थीं। एक फिल्म का पुलिस किरदार दूसरी फिल्म में भी दिखाई देता था। इसी तरह रोहित शेट्टी ने मिलकर एक नई दुनिया बनाई जिसे “कॉप यूनिवर्स” कहा गया।
यह भारत का पहला ऐसा फिल्म यूनिवर्स था जिसमें पुलिस किरदारों की कई फिल्में आपस में जुड़ी हुई थीं। साल 2024 में “सिंघम अगेन” रिलीज हुई, जिसमें इस यूनिवर्स के कई बड़े किरदार एक साथ नजर आए।
इस फिल्म ने इस दुनिया को और बड़ा बना दिया। रोहित शेट्टी ने यह साबित कर दिया कि भारत में भी बड़े स्तर पर जुड़ी हुई कमर्शियल फिल्में बनाई जा सकती हैं, जो दर्शकों को पसंद आती हैं और बॉक्स ऑफिस पर लगातार सफल भी रहती हैं।
रिकॉर्ड तोड़ सफलता
रोहित शेट्टी के करियर का एक और बड़ा पड़ाव फिल्म “चेन्नई एक्सप्रेस” रही, जिसमें शाहरुख खान मुख्य भूमिका में थे। जब यह फिल्म रिलीज हुई, तो यह उस समय की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली हिंदी फिल्मों में से एक बन गई।
फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर कई रिकॉर्ड तोड़ दिए और दर्शकों के बीच जबरदस्त लोकप्रियता हासिल की। इस फिल्म के बाद रोहित शेट्टी की पहचान एक ऐसे निर्देशक के रूप में और मजबूत हो गई जो मास एंटरटेनमेंट यानी आम दर्शकों को पसंद आने वाली फिल्में बनाना बहुत अच्छी तरह समझते हैं।
समय के साथ उन्होंने कई ऐसी फिल्में दीं जो 100 करोड़ क्लब में शामिल हुईं, जो बॉलीवुड में किसी भी निर्देशक के लिए बड़ी उपलब्धि मानी जाती है। रोहित शेट्टी अपनी फिल्मों में तेज़ कार चेज़ और बड़े एक्शन सीन के लिए भी जाने जाते हैं।
कहा जाता है कि उनकी फिल्मों में अब तक 500 से ज्यादा कारें उड़ाई या तोड़ी जा चुकी हैं। इसी वजह से कई लोग उनकी तुलना हॉलीवुड के बड़े एक्शन फिल्ममेकर से भी करते हैं, जो बड़े और भव्य सीन के लिए मशहूर होते हैं।
टीवी और ओटीटी की दुनिया में भी पहचान
फिल्मों के अलावा रोहित शेट्टी टेलीविजन पर भी एक जाना-पहचाना चेहरा बन चुके हैं। साल 2014 से वे रियलिटी शो “फियर फैक्टर: खतरों के खिलाड़ी” को होस्ट कर रहे हैं।
इस शो में वे अपने एक्शन डायरेक्टर वाले अंदाज़ के साथ नजर आते हैं। स्टंट के बारे में उनकी गहरी समझ और उनका सख्त लेकिन अनुशासित रवैया उन्हें इस शो के लिए बिल्कुल सही होस्ट बनाता है।
इसके अलावा रोहित शेट्टी ने 2024 में डिजिटल प्लेटफॉर्म यानी की दुनिया में भी कदम रखा। उनकी वेब सीरीज़ “इंडियन पुलिस फोर्स” के साथ उन्होंने अपना ओटीटी डेब्यू किया। इस सीरीज़ के जरिए उन्होंने अपने कॉप यूनिवर्स को फिल्मों से आगे बढ़ाकर ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर देखने वाले दर्शकों तक भी पहुंचा दिया।
आर्थिक सफलता और निजी जीवन
साल 2026 तक रोहित शेट्टी की अनुमानित कुल संपत्ति लगभग ₹280 से ₹300 करोड़ के बीच मानी जाती है। रिपोर्ट्स के मुताबिक वह एक फिल्म के लिए करीब ₹18–20 करोड़ फीस लेते हैं।
इसके अलावा टेलीविजन शो होस्ट करने से भी उन्हें अच्छी कमाई होती है। उनकी प्रोडक्शन कंपनी रोहित शेट्टी पिक्चर्ज़ भी अब कई नए प्रोजेक्ट्स पर काम कर रही है।
इस कंपनी ने “लिटिल सिंघम” जैसे एनिमेशन प्रोजेक्ट भी बनाए हैं, जिससे उनका फिल्मी ब्रांड बच्चों और युवा दर्शकों तक भी पहुंच रहा है। रोहित शेट्टी के पास मुंबई में कई कीमती प्रॉपर्टी हैं।
उनका जुहू में समुद्र के सामने एक शानदार घर भी है। इसके अलावा उनके पास कई महंगी लग्जरी कारें भी हैं, जो दुनिया के बड़े ब्रांड्स की हैं।
यह सब उस समय से बिल्कुल अलग है जब कभी वह बस का किराया बचाने के लिए लंबा रास्ता पैदल तय करते थे।अगर उनके निजी जीवन की बात करें तो उन्होंने 2005 में माया मोरे से शादी की।
इतना मशहूर होने के बावजूद रोहित शेट्टी अपनी पारिवारिक जिंदगी को काफी निजी रखते हैं और अपने काम और परिवार की जिंदगी को अलग-अलग रखना पसंद करते हैं।
प्रमुख उपलब्धियां और पुरस्कार
पिछले कई वर्षों में रोहित शेट्टी ने फिल्म और टेलीविजन दोनों क्षेत्रों में बड़ी पहचान बनाई है। उन्हें फिल्म “गोलमाल 3” के लिए फिल्मफेयर अवॉर्ड में बेस्ट सीन ऑफ द ईयर का पुरस्कार मिला।
इसके बाद फिल्म “सिंघम” के लिए उन्हें स्टारडस्ट अवॉर्ड में ड्रीम डायरेक्टर का सम्मान भी दिया गया। बॉक्स ऑफिस पर उनकी फिल्मों की लगातार सफलता को ज़ी सिने अवॉर्ड्स में भी सराहा गया।
वहीं टेलीविजन पर उनकी लोकप्रियता की वजह से उन्हें इंडियन टेली अवॉर्ड्स में बेस्ट टेलीविजन पर्सनैलिटी का सम्मान मिला। इसके अलावा रियलिटी शो “फियर फैक्टर: खतरों के खिलाड़ी” को होस्ट करने के लिए उन्हें इंडियन टेलीविजन एकेडमी अवॉर्ड्स में कई बार बेस्ट एंकर का पुरस्कार भी मिल चुका है।
साल 2022 में फिल्म “सूर्यवंशी” की सफलता के बाद उन्हें लायंस गोल्ड अवॉर्ड्स में ब्लॉकबस्टर डायरेक्टर के रूप में सम्मानित किया गया। इन सभी पुरस्कारों ने रोहित शेट्टी को बॉलीवुड के सबसे सफल और लोकप्रिय फिल्म निर्देशकों में से एक के रूप में और मजबूत पहचान दिलाई।
घर के बाहर सुरक्षा से जुड़ी घटना
फरवरी 2026 में रोहित शेट्टी के घर के बाहर एक गंभीर सुरक्षा से जुड़ी घटना सामने आई। खबरों के अनुसार देर रात मुंबई के जुहू इलाके में स्थित उनके घर के बाहर कुछ अज्ञात लोगों ने कई राउंड फायरिंग की।
हालांकि राहत की बात यह रही कि इस घटना में रोहित शेट्टी या उनके परिवार के किसी सदस्य को कोई नुकसान नहीं हुआ। घटना के बाद मुंबई पुलिस ने तुरंत जांच शुरू की।
पुलिस ने आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज देखी, संदिग्ध लोगों को हिरासत में लिया और उनके घर के आसपास सुरक्षा भी बढ़ा दी। इस घटना के बाद फिल्म इंडस्ट्री की मशहूर हस्तियों की सुरक्षा को लेकर फिर से चिंता और चर्चा शुरू हो गई।
रोहित शेट्टी के बारे में कुछ अनजाने तथ्य
- बचपन में वह चुपके से मुंबई के गैटी–गैलेक्सी थिएटर में घुसकर एक्शन फिल्में देखा करते थे।
- किसी भी खतरनाक स्टंट को कलाकारों से करवाने से पहले वह खुद उसका टेस्ट करके देखते हैं।
- उन्होंने आज तक अपनी फिल्मों में कभी अभिनय नहीं किया, वह सिर्फ निर्देशक और निर्माता के रूप में ही काम करते हैं।
- अपने फिल्म सेट पर वह मोबाइल फोन के इस्तेमाल पर सख्त रोक रखते हैं।
- वह रोज़ सुबह लगभग 4 बजे उठते हैं और पिछले 20 साल से ज्यादा समय से नियमित फिटनेस रूटीन फॉलो कर रहे हैं।
- वह सिल्वेस्टर स्टैलोन को अपना आदर्श मानते हैं और फिटनेस को अपने पेशे का जरूरी हिस्सा समझते हैं।
- पहली नौकरी मिलने से पहले उन्होंने लगभग डेढ़ साल तक रोज़ एक निर्देशक के घर जाकर काम मांगा, तब जाकर उन्हें ₹35 रोज़ की नौकरी मिली।
- अपनी फिल्मों में बड़े एक्शन सीन के लिए मशहूर रोहित शेट्टी अब तक 500 से ज्यादा कारें उड़ाने या तोड़ने के लिए जाने जाते हैं।
रोहित शेट्टी की जिंदगी यह साबित करती है कि लगातार मेहनत, अनुशासन और खुद पर विश्वास इंसान की जिंदगी बदल सकता है। फिल्म इंडस्ट्री की चमक-दमक के बीच रोहित शेट्टी एक ऐसे व्यक्ति हैं जिन्होंने सब कुछ अपनी मेहनत से बनाया। कई लोगों के लिए उनकी सबसे बड़ी ब्लॉकबस्टर फिल्म शायद उनकी खुद की जिंदगी की कहानी ही है।
इस बायोग्राफी की लेखिका नमिता देवड़ा हैं ।
यह भी पढ़ें: विजय देवरकोंडा बायोग्राफी: एक आम लड़के से साउथ सुपरस्टार तक, फिल्मी सफर और स्टारडम के पीछे का असली इंसान

