कोलंबिया में भीषण विमान हादसा: दक्षिण अमेरिकी देश कोलंबिया के अमेज़न इलाके से सोमवार (23 मार्च 2026) को एक दुखद खबर सामने आई है।
कोलंबियाई वायुसेना का एक लॉकहीड मार्टिन C-130 हरक्यूलिस परिवहन विमान उड़ान भरते ही हादसे का शिकार हो गया।
बताया जा रहा है कि इस भयावह दुर्घटना में अब तक कम से कम 66 जांबाज सैनिकों की मौत हो चुकी है, जबकि कई लोग गंभीर रूप से घायल हैं।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, विमान में 100 से अधिक लोग सवार थे, जिनमें से कई अभी भी लापता हैं। यह हादसा कोलंबियाई वायुसेना के इतिहास के सबसे काले अध्यायों में से एक माना जा रहा है।
कैसे और कहां हुआ यह दर्दनाक हादसा?
यह भीषण दुर्घटना दक्षिणी कोलंबिया के पुटुमायो विभाग में स्थित प्यूर्टो लेगुइजामो के पास हुई।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, विमान ने जैसे ही रनवे से उड़ान भरी, वह मुश्किल से 1.5 किलोमीटर दूर जाकर जंगल में गिर गया।
बताया जा रहा है कि टेक-ऑफ के दौरान विमान का संतुलन बिगड़ गया और वह सीधे जमीन की तरफ नोजडाइव करने लगा।
गिरते समय विमान का एक पंख ऊंचे पेड़ से टकरा गया, जिससे संतुलन पूरी तरह खो गया और विमान एक विशाल आग के गोले में तब्दील हो गया।
आग ने बढ़ाई बचाव कार्य में मुश्किलें
कोलंबिया में भीषण विमान हादसा: हादसे के बाद राहत और बचाव कार्य में सबसे बड़ी बाधा विमान में लदा सैन्य साजो-सामान बना।
चूंकि यह एक सैन्य परिवहन विमान था, इसलिए इसमें भारी मात्रा में विस्फोटक और गोला-बारूद ले जाया जा रहा था।
क्रैश होते ही विमान में रखे बम और कारतूस फटने लगे, जिससे पूरे इलाके में भीषण आग फैल गई।
धमाकों की तीव्रता इतनी अधिक थी कि बचाव दल और स्थानीय लोगों के लिए मलबे के करीब पहुंचना लगभग असंभव हो गया।
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में घायल सैनिकों को मोटरसाइकिल के जरिए कच्ची सड़कों से अस्पताल ले जाते देखा गया।
मृतकों के आंकड़ों पर विरोधाभास
शुरुआती रिपोर्ट्स में मृतकों की संख्या 33 बताई गई थी, लेकिन जैसे-जैसे रेस्क्यू ऑपरेशन आगे बढ़ा, यह आंकड़ा दोगुना होकर 66 तक पहुंच गया।
सैन्य सूत्रों के अनुसार, मृतकों में 58 सैनिक, वायुसेना के 6 जवान और 2 पुलिस अधिकारी शामिल हैं। हालांकि, सेना ने आशंका जताई है कि यह संख्या 80 के पार जा सकती है।
रक्षा मंत्री पेड्रो सांचेज ने बताया कि 125 लोगों में से 114 सैनिक और 11 क्रू मेंबर थे। फिलहाल लापता जवानों की तलाश के लिए अमेज़न के घने जंगलों में गहन सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है।
राष्ट्रपति गुस्तावो पेट्रो ने पुरानी मशीनों को बदलने का दिया आदेश
कोलंबिया में भीषण विमान हादसा: इस त्रासदी पर कोलंबिया के राष्ट्रपति गुस्तावो पेट्रो ने गहरा शोक व्यक्त करने के साथ-साथ कड़ा आक्रोश भी जताया है।
उन्होंने सैन्य साजो-सामान के आधुनिकीकरण में हो रही देरी के लिए प्रशासनिक सुस्ती और नौकरशाही को जिम्मेदार ठहराया।
पेट्रो ने चेतावनी दी कि अगर पुरानी मशीनों और विमानों को बदलने के आदेश को लागू करने में अब भी देरी हुई, तो जिम्मेदार अधिकारियों को पद से बर्खास्त कर दिया जाएगा।
उन्होंने साफ कहा कि जवानों की सुरक्षा से समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और जल्द ही नए ट्रांसपोर्ट विमान और एंटी-ड्रोन सिस्टम खरीदे जाएंगे।
क्या था C-130 हरक्यूलिस का इतिहास
दुर्घटनाग्रस्त हुआ C-130 हरक्यूलिस दुनिया के सबसे भरोसेमंद सैन्य विमानों में गिना जाता है।
अमेरिकी रक्षा कंपनी लॉकहीड मार्टिन द्वारा निर्मित यह विमान करीब 19 टन वजन ढोने में सक्षम है।
विमान विशेषज्ञों के अनुसार, कोलंबिया को यह विशेष विमान 2020 में अमेरिका से मिला था और हाल ही में इसका पूर्ण मेंटेनेंस (ओवरहाल) भी किया गया था।
रक्षा मंत्री ने स्पष्ट किया है कि फिलहाल किसी आतंकी हमले के सबूत नहीं मिले हैं। जांच एजेंसियां अब इस बात पर ध्यान केंद्रित कर रही हैं कि आखिर टेक-ऑफ के तुरंत बाद विमान के इंजनों ने काम करना क्यों बंद कर दिया।
स्थानीय लोगों ने पेश की मानवता की मिसाल
बताया जा रहा है कि हादसे के तुरंत बाद, दुर्गम इलाका होने के कारण सरकारी मदद पहुंचने में समय लगा। ऐसे में आसपास के गांवों के निवासी सबसे पहले मौके पर पहुंचे।
अपनी जान जोखिम में डालकर ग्रामीणों ने जलते मलबे से कई सैनिकों को बाहर निकाला। एम्बुलेंस की कमी के कारण घायलों को मोटरसाइकिलों पर लादकर छोटे क्लीनिकों तक पहुंचाया गया,
जहां से बाद में उन्हें राजधानी बोगोटा के बड़े अस्पतालों में एयरलिफ्ट किया गया।
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