माथे पर चंदन लगाते समय बोले जाते हैं ये खास मंत्र?

चंदन का हिन्दू संस्कृति में एक अलग ही महत्व है। ऐसे में क्या आपको पता है कि चंदन लगाते समय कौनसा मंत्र बोला जाता है और क्यों।

जब किसी मंदिर या धार्मिक अनुष्ठान के दौरान माथे पर चंदन का टीका लगाया जाता है तो खास मंत्र का उच्चारण किया जाता है।

माथे पर चंदे लगते वक़्त "'केशवानन्त गोविन्द बाराह पुरुषोत्तम'  मंत्र का उच्चारण किया जाता है। इसके साथ ही 'कान्ति लक्ष्मीं धृतिं सौख्यं सौभाग्यमतुलं बलम्" मंत्र भी बोला जाता है।

"ॐ श्री वासुदेवाय नमः" मंत्र का उच्चारण शिखा पर तिलक करते समय किया जाता है। वही छाती पर तिलक करते समय "ॐ श्री माधवाय नमः:" का जाप किया जाता है।

मान्यता ये है कि किसी व्यक्ति से पहले तिलक भगवान को लगाया जाना चाहिए।

'ओम चंदनसर पवित्रम पापना शम आपदा हरत नित्यम लक्ष्मी तिष्ठति सर्वदा" मंत्र का उच्चारण भी चंदन का तिलक लगाते समय किया जाता है।

वही ज्योतिष शास्त्र में ये माना गया है कि, अनामिका ऊँगली से तिलक करने पर कुंडली में सूर्य की तिथि मजबूत होती है। माथे पर चन्दन का तिलक लगाने से ठंडक मिलती है।

ऐसा माना गया है कि चन्दन लगाने से मनुष्य का मन शांत रहता है और उसकी एकग्रता भी बढ़ती है। इससे त्वचा को ठंडक मिलती है एयर कई रोगों से छुटकारा भी मिलता है।